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कम्बोडियन किसानों तक भी पहुंची ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी

देश में किसानों और कृषि श्रमिकों की स्थिति को बेहतर बनाने और उन्हें उचित फसल मूल्य प्रदान करने की व्यवस्था को नियंत्रित करने के लिए उन्हें ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी के साथ जोड़ा जा रहा है। आक्सफैम इंटरनेशनल जो की कम्बोडिया में लम्बे समय से लोगों के उत्थान के लिए प्रायसरत है, ने इस योजना की ज़िम्मेदारी ली है फिलहाल चावल की खेती से जुड़े करीब 40 किसानों को ब्लॉकचेन प्रणाली के माध्यम से जोड़ कर व्यापार में निगरानी रखने का काम किया जायेगा। ताकि क्षेत्र से जुडी कमियों का पता लगाया जा सके और कमजोर और काम आय वर्ग वाले किसानों को मिलने वाले दाम को संगठित किया जा सके।

निर्यातकों और व्यापारियों के डेटा संग्रहित

कमोबडिया के किसान मुख्य रूप से ब्लाक राइस और ऑर्गेनिक कम्बोडियन राइस की बड़े पैमाने पर खेती करते है। जिससे उनकी आजीविका चलती साथ ही निर्यात भी किया जाता है। पिछले कुछ समय से किसानों की काम आय और निर्यात के घटते प्रतिशत को देखते हुए सरकारी एजेंसी की निगरानी में आक्सफैम इंटरनेशनल ने प्रयोग के तौर पर ये योजना शुरू की है। ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी से जोड़ने के बाद किसानों से लेकर निर्यातकों और व्यापारियों के डेटा को डिजिटल स्तर पर संग्रहित किया जा सकेगा। जिनसे कमजोर आय वाले किसानों की पहचान करना आसान होगा वहीँ यह भी पता लग पायेगा की किसान को सही दाम मिला या नहीं।

क्रिप्टोवेस्ट के मुताबिक ब्लॉकचेन टेक्नोलॉजी के तहत किसानों के सहकारी समितियों, चावल निर्माताओं और अन्य हितधारकों के बीच अनुबंध खेती को बढ़ावा देगा। जबकि चावल अनुबंध व्यापार की मात्रा, वितरण विधि ,खरीद मूल्य पर निगरानी रखना संभव हो सकेगा। किसानों का पंजीकरण कर डेटा को डिजिटल प्लेटफार्म के माध्यम से नियमित रूप से अपडेट किया जा सकेगा। इससे बाजार में उत्पाद की मांग और ने परिस्थितियों के बारे में सटीक जानकारी प्राप्त होगी। यह उन किसानों को अधिक लाभ देगी जो की चावल की मांग और उसके मूल्य से अनजान रहते हैं और थोक विक्रेता उनकी इस बात का फायदा उठाते है।

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Ashwani is a content writer, journalist and RJ. His words have touched millions over the past one decade through his articles and radio presentations. On OWLT Market, he is reaching out to Hindi readers.

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